Category: Fantasy

  • ALLURING EVE !

    So beautiful  So trendy  Kid you are .. Self confident So friendly Kid you are…..   Running and jumping with calves and lambs.. Among windy rains  So jolly Kid you are…..   Dancing with lightning on the sea waves.. Madly wilder So leanly Kid you are…..   Singing in the forest with a spring… So…

  • TIT FOR TAT

    Tit for tat.. Tit for tat … It’s ringing cat.. Tit for tat…   Enemy’s enemy is our friend.. How’s and what.. Tit for tat…   Three stumps waiting waiting eagerly.. Ball hits bat ..Tit for tat …   Don’t tease them.. teach them well.. Meagre or fat.. Tit for tat   Keep gratitude ..…

  • दुपट्टा – DUPATTA(MANTILLA)

    हो गए है हम इकट्ठा इस जहाँपर खेलते है कौन सट्टा इस जहाँपर गायका गा बैलका बै शेर बब्बर सोच ले फिर मार रट्टा इस जहाँपर लोग ज्ञ्यानी पालते संगणक हाथी मत खिलाओँ आम खट्टा इस जहाँपर पेड़ पत्ते गुणगुणाते भँवर काले झीलसा नीला दुपट्टा इस जहाँपर साथ मै सचके रहूंगी फ़िक्र ना कर माँ…

  • AGAIN

    Again and again Brain should gain It’s the “MAGIC” Purity stands gain GAIN…  RAIN ………….MAIN ….

  • डंका – DANKAA(BIG DRUM)

    चंपक चाफा हिरवा पिवळा दरवळ नाही लपत गडे चंचल चपला ढगात शिरुनी कुपीस फोडे छपत गडे डंका दंडकारण्याचा त्रिलोकात दुमदुमे सई गज़ल सयी मम उभ्या ठाकल्या थेट बघत वर तपत गडे चपळ चपल हरिणीसम धावत जलद निघाले वर्षाया निळ्या सपाता गळून पडल्या पावलांस घन जपत गडे वेग झपाटा झपाटलेला लगबग घाई सळसळती ऊन सावली संगे…

  • चौघडा – CHOUGHDA(FOUR KETTLEDRUMS)

    घन काळे काळे गगनी भादवा दवा आत्म्याला चिरि कुंकू रेख ललाटी दे जाप्य काव्य कुसुमाला जोडून करांचे तळवे जुळविली कराग्रे दाही मी भाव अर्घ्य दिधले पारणा व्रताची झाली निळीशार हवेली मौन रानभर सळसळे ऊस कलशात खिराया दहिवर थांबला जलद पाऊस किरणांनी जादू केली निवळली धुक्याची दुलई सृष्टीशी गप्पा गोष्टी झंकार चौघडा सनई

  • भावंडे – BHAVANDE(SIBLINGS)

    आरतीला सूर्य तारे चंद्र नक्षत्रे उभी अंतरी जिन स्थापिला मी जैन भावंडे उभी सागरी दुर्गावरी ध्वज पंचरंगी फडफडे रंग देखाव्यात भरण्या मृत्तिका चित्रे उभी पंचगंगा वारणा कृष्णा कऱ्हा गोदावरी काफिया स्वर गझल नैया फेकुनी जाळे उभी अंतराळातील व्यंतर देव आले दर्शना मार्ग त्यांचा शुद्ध करण्या हळदुली पत्रे उभी ओतता तबकात राशी शुद्ध भावे ओंजळी उघडली…